अफ्रीकी बाजार को पैक करने चली भारतीय पैकेजिंग कंपनी
भारत की प्रमुख पैकेजिंग कंपनी यूफ्लेक्स अफ्रीकी बाजार पर अपनी पकड़ बनाने के लिए अपनी बहुप्रतिक्षित महत्वाकांक्षी योजना को शुरू करने की तैयारी में है। मिस्र में कंपनी की इस नई परियोजना से उत्पादन इसी महीने शुरू हो जाएगा।
दुबई संयंत्र में कंपनी के अध्यक्ष और कार्यकारी निदेशक अशोक चतुर्वेदी ने कहा, “हमने मिस्र में पॉलिस्टर फिल्म जैसे पैकिंग मटेरियल बनाने की ईकाई शुरू की है, जिससे हमें अफ्रीकी बाजार में अपनी क्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी। हम अफ्रीका को एक उभरते बाजार के रूप में देख रहे हैं।”
मिस्र में कंपनी की नई इकाई के पहले चरण से उत्पादन इस महीने शुरू हो जाएगा। यहां हम प्रतिवर्ष 35,000 टन पॉली प्रोपीलीन फिल्म का उत्पादन करेंगे।
चतुर्वेदी ने कहा, “इकाई के निर्माण का दूसरा चरण 2011-12 की तीसरी तिमाही में पूरा कर लिया जाएगा।”
उन्होंने कहा, “इन दोनों चरणों पर हम 13.5 करोड़ डॉलर का निवेश कर रहे हैं।”
यूफ्लेक्स की भारत में तीन निर्माण इकाइयां हैं। इसके अलावा मेक्सिको और दुबई में भी कंपनी की एक-एक इकाई है। कंपनी अपने मेक्सिको संयंत्र का भी विस्तार कर रही है।
चतुर्वेदी ने कहा कि मिस्र की इकाई का दूसरा चरण दिसंबर 2011 में और मेक्सिको की इकाई का विस्तार जून 2011 में पूरा होने पर कंपनी की विश्व बाजार में हिस्सेदारी मौजूदा 43 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत होने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा, “मिस्र की इकाई से हम अफ्रीका, मध्य यूरोप और खाड़ी के देशों की मांग को पूरा करेंगे।”
उन्होंने कहा, “विदेशों में उत्पादन इकाईयां स्थापित करने पर हमें उच्च गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति प्राप्त होती है, जिससे उत्पादकता में बढ़ोतरी होती है साथ ही उत्पादन पर प्रति यूनिट लागत में भी कमी आती है। इसके अलावा करों में तुलनात्मक रूप से कमी के चलते भी यहां उत्पादन फायदेमंद होता है।”
चतुर्वेदी ने कहा, “इसके अलावा हम बड़े और मुनाफा वाले बाजारों में विभिन्न व्यापारिक समझौते करने की योजना भी बना रहे हैं।”
वर्तमान में कंपनी की कुल आय 30 अरब रुपये (64.6 करोड़ डॉलर) प्रतिवर्ष से ज्यादा है और यह कंपनी बंबई स्टॉक एक्सचेंज और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध है।
विदेशों में कंपनी की इकाइयों से प्रतिवर्ष 1,60,000 टन विश्व स्तरीय प्लास्टिक फिल्म का उत्पादन किया जा रहा है। वर्ष 2012 तक कंपनी अपनी इस क्षमता को बढ़ाकर 2,63,400 टन प्रतिवर्ष तक करेगी। इसके अलावा कंपनी प्रतिवर्ष 54,560 टन विभिन्न पैकिंग उत्पादों का निर्माण करती है। वर्ष 2012 तक कंपनी इस क्षमता को बढ़ाकर 79,000 टन प्रतिवर्ष तक करेगी। (आईएएनएस)
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